ADANI - HALF PAGE_page-0001
ADANI - HALF PAGE_page-0001
देश

Facebook-Instagram Data Leak : मार्क जुकरबर्ग की कंपनी Meta पर 25 अरब डॉलर का जुर्माना, जानें पूरा मामला

Facebook-Instagram Data Leak : नई दिल्ली। फेसबुक और इंस्टाग्राम की पैरेंट कंपनी मेटा (Meta) को डेटा गोपनीयता से जुड़े एक बड़े मामले में अमेरिका की अदालत से बड़ा झटका लगा है। न्यू मैक्सिको के एक न्यायाधीश ने 21 अक्टूबर 2026 को कंपनी पर 25 अरब डॉलर का जुर्माना लगाया। जूरी ने पाया था कि कंपनी ने उपभोक्ताओं को उनकी निजी जानकारी की सुरक्षा और डेटा के इस्तेमाल के संबंध में गुमराह किया। यह मामला कैम्ब्रिज एनालिटिका विवाद से जुड़ा है, जिसमें फेसबुक के करोड़ों यूजर्स की व्यक्तिगत जानकारी बिना उनकी सहमति के राजनीतिक परामर्श देने वाली कंपनी तक पहुंचने के आरोप लगे थे। हालांकि, यह फैसला किसी नए डेटा लीक की घोषणा नहीं है, बल्कि पुराने मामले में उपभोक्ता संरक्षण कानूनों के उल्लंघन से संबंधित है।

Meta पर क्यों लगाया गया 25 अरब डॉलर का जुर्माना?

न्यू मैक्सिको में वर्ष 2021 में मेटा के खिलाफ मुकदमा दायर किया गया था। राज्य का आरोप था कि फेसबुक ने यूजर्स को यह स्पष्ट जानकारी नहीं दी कि उनकी निजी जानकारी तक किन लोगों और तीसरे पक्ष की कंपनियों की पहुंच हो सकती है।

मामले की सुनवाई के दौरान जूरी ने कंपनी के 29 बयानों में से 26 को भ्रामक माना। इसके बाद न्यायाधीश ने उपभोक्ता संरक्षण कानूनों के उल्लंघन के लिए 25 अरब डॉलर का जुर्माना निर्धारित किया। यह अमेरिका में किसी कंपनी पर लगाए गए सबसे बड़े वित्तीय दंडों में से एक माना जा रहा है।

क्या है कैम्ब्रिज एनालिटिका विवाद?

यह मामला फेसबुक के डेटा के इस्तेमाल से जुड़े वर्ष 2018 में सामने आए विवाद से जुड़ा है। आरोपों के मुताबिक, कैम्ब्रिज एनालिटिका नामक ब्रिटिश राजनीतिक परामर्श कंपनी ने एक थर्ड-पार्टी ऐप के माध्यम से करीब 8.7 करोड़ फेसबुक यूजर्स की जानकारी हासिल की थी।

इस जानकारी का इस्तेमाल राजनीतिक विज्ञापनों को लक्षित करने और मतदाताओं की प्रोफाइल तैयार करने के लिए किया गया था। इस खुलासे के बाद दुनियाभर में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर यूजर्स की गोपनीयता और निजी डेटा की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठे थे।

मार्क जुकरबर्ग की कंपनी करेगी अपील

मेटा ने अदालत के फैसले से असहमति जताई है। कंपनी के कानूनी प्रतिनिधियों ने संकेत दिया है कि वह इस फैसले के खिलाफ अपील करेगी। कंपनी का तर्क है कि मामले में लगाए गए आरोपों और जुर्माने को चुनौती दी जाएगी। इसलिए फिलहाल यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि अपील की प्रक्रिया में अदालत का रुख क्या रहता है।

क्या भारतीय यूजर्स को मिलेगा मुआवजा?

इस मामले में जुर्माने की राशि न्यू मैक्सिको राज्य को दी जानी है। इसका मतलब यह नहीं है कि भारत सहित दुनियाभर के फेसबुक और इंस्टाग्राम यूजर्स को सीधे मुआवजा मिलेगा। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, यह फैसला व्यक्तिगत यूजर्स को भुगतान देने की घोषणा नहीं है।

यूजर्स अपनी प्राइवेसी कैसे रखें?

फेसबुक और इंस्टाग्राम इस्तेमाल करने वालों को अपनी गोपनीयता सुरक्षित रखने के लिए कुछ सावधानियां बरतनी चाहिए:

  • अकाउंट की प्राइवेसी सेटिंग नियमित रूप से जांचें।
  • अनजान ऐप्स और वेबसाइटों को अपने अकाउंट का एक्सेस देने से बचें।
  • मजबूत पासवर्ड और टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन का इस्तेमाल करें।
  • संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें और किसी के साथ OTP साझा न करें।
  • अपनी व्यक्तिगत जानकारी सार्वजनिक रूप से साझा करने से बचें।
Netagiri

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!