
Netagiri.in___कोरबा। ग्राम गोढ़ी में संचालित वेस्टर्न कोक प्रोडक्ट्स (कार्बन फैक्ट्री) के खिलाफ जोहार छत्तीसगढ़ पार्टी ने कड़ा रुख अपनाया है। पर्यावरण प्रदूषण, श्रमिकों के शोषण और औद्योगिक दुर्घटनाओं से जुड़े गंभीर आरोप लगाते हुए पार्टी ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर फैक्ट्री को शीघ्र बंद कराने की मांग की है। पार्टी ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि पखवाड़ेभर के भीतर ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो ग्रामीणों एवं पीड़ितों के साथ मिलकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करते हुए फैक्ट्री में ताला जड़ा जाएगा।
जोहार छत्तीसगढ़ पार्टी के जिलाध्यक्ष जैनेन्द्र कुर्रे के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में बताया गया है कि ग्राम गोढ़ी में सुभाष अग्रवाल एवं अंकुश अग्रवाल द्वारा संचालित वेस्टर्न कोक प्रोडक्ट्स से लगातार प्रदूषण फैल रहा है। इससे गांव और आसपास के क्षेत्रों में पर्यावरणीय क्षति हो रही है। फैक्ट्री से निकलने वाले धुएं और अपशिष्ट के कारण ग्रामीणों में विभिन्न बीमारियां बढ़ रही हैं, वहीं खेती की जमीन, पेड़-पौधे, पशु-पक्षी, जंगल और नदी-नाले भी प्रभावित हो रहे हैं।
ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया है कि फैक्ट्री में कार्यरत श्रमिकों के साथ अमानवीय व्यवहार किया जाता है। बेरोजगार युवकों को रोजगार का झांसा देकर बुलाया जाता है, लेकिन उन्हें जातिसूचक गाली-गलौज, अपमान, मारपीट और कम मजदूरी का सामना करना पड़ता है। कई मामलों में मजदूरी का पूरा भुगतान नहीं किया जाता और मनमाने ढंग से नौकरी से निकाल दिया जाता है।
पार्टी ने एक गंभीर दुर्घटना का उल्लेख करते हुए बताया कि ग्राम कदमझरिया (ग्राम पंचायत गढ़उपरोड़ा) निवासी संतोष कुमार कोरवा (17 वर्ष), जो अनुसूचित जनजाति से हैं, वर्ष 2022-23 में फैक्ट्री में कार्यरत थे। वे अपने परिवार के एकमात्र कमाऊ सदस्य थे। आरोप है कि बिना सुरक्षा उपकरणों के उनसे जोखिमपूर्ण कार्य कराया गया। इसी दौरान कार्बन प्लास्टिक मशीन में हाथ फंसने से उनका दायां हाथ कट गया, जिससे परिवार की आर्थिक स्थिति अत्यंत दयनीय हो गई है।
जोहार छत्तीसगढ़ पार्टी ने बताया कि फैक्ट्री के खिलाफ पूर्व में भी कई शिकायतें की जा चुकी हैं, लेकिन अब तक कोई प्रभावी जांच या कार्रवाई नहीं हुई। पार्टी ने कलेक्टर से निष्पक्ष जांच कर प्रदूषण नियंत्रण कानून, श्रम कानूनों के उल्लंघन और दुर्घटना के मामलों में सख्त कार्रवाई करने तथा जनहित में फैक्ट्री को बंद कराने की मांग की है।
कार्रवाई नहीं होने की स्थिति में आंदोलन और फैक्ट्री में ताला जड़ने की चेतावनी देते हुए कहा गया है कि इसकी संपूर्ण जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। शिकायत की प्रतिलिपि पुलिस अधीक्षक को भी सौंप दी गई है।



